निर्वाचन आयोग ने पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, उत्तर प्रदेश और केरल सहित आठ राज्यों में मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण पर निगरानी के लिए विशेष पर्यवेक्षक नियुक्त किए हैं। निर्वाचन आयोग ने कहा कि ये पर्यवेक्षक अपना काम शुरू कर चुके हैं और अगले वर्ष फरवरी में मतदाता सूची जारी होने तक इन राज्यों में प्रत्येक सप्ताह के दो दिन मौजूद रहेंगे। आयोग ने बताया कि विशेष मतदाता सूची पर्यवेक्षक राजनीतिक दलों के राज्यस्तर और जिलास्तर के नेताओं के साथ बैठक करेंगे। इन राज्यों के मुख्य चुनाव अधिकारियों और जिला चुनाव अधिकारियों के साथ भी इनकी बैठक होगी ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि पूरी चुनाव प्रक्रिया सुचारू और पारदर्शी ढंग से सम्पन्न हो। ये पर्यवेक्षक, एसआईआर प्रक्रिया पर निगरानी रखेंगे ताकि कोई भी पात्र मतदाता सूची में शामिल होने से वंचित न रहे और किसी भी अवैध मतदाता का नाम सूची में न रहने पाए।
आदिवासी बच्चों की मौत से स्वास्थ्य सुविधाओं पर उठते सवाल!
रिपोर्ट:- सतीश भारतीय मध्यप्रदेश के बालाघाट में बीमारियों से आदिवासी बच्चों की मौतें बढ़ रही है। बच्चों की मौतें जून माह से शुरू हुई। पहले मौत का आंकड़ा 8 सामने…






