मध्य प्रदेश: धार्मिक और सांस्कृतिक नगरी उज्जैन में 12 फरवरी से 139 दिनों तक चलने वाले विक्रमोत्सव–2026 का भव्य आयोजन शुरू होने जा रहा है। इस ऐतिहासिक महोत्सव का औपचारिक शुभारंभ 15 फरवरी को महाशिवरात्रि के पावन अवसर पर होगा। लंबे समय तक चलने वाला यह उत्सव उज्जैन को सांस्कृतिक, सामाजिक और आर्थिक गतिविधियों का केंद्र बना देगा।
विक्रमोत्सव-2026 के दौरान संस्कृति, परंपरा, इतिहास, कला, व्यापार और पर्यटन से जुड़े अनेक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। उत्सव के पहले चरण की खास शुरुआत प्रसिद्ध संगीतकार प्रीतम की भव्य संगीतमय प्रस्तुति “शिवोऽहम महादेव” से होगी, जो श्रद्धा और भक्ति का अद्भुत संगम प्रस्तुत करेगी।
महोत्सव में महाकाल वन मेला, कला एवं व्यापार मेला, सांस्कृतिक प्रस्तुतियां, नाटक, लोकनृत्य, संगीत समारोह, कवि सम्मेलन, संगोष्ठियां और ऐतिहासिक प्रदर्शनी जैसे कार्यक्रम शामिल होंगे। इसके साथ ही सम्राट विक्रमादित्य अंतरराष्ट्रीय सम्मान भी प्रदान किया जाएगा, जिससे उज्जैन की गौरवशाली विरासत को वैश्विक पहचान मिलेगी।
विक्रमोत्सव से न केवल धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा, बल्कि स्थानीय कलाकारों, व्यापारियों और युवाओं के लिए रोजगार और आर्थिक अवसर भी सृजित होंगे। प्रशासन द्वारा सुरक्षा, यातायात और सुविधाओं के व्यापक इंतजाम किए जा रहे हैं। यह आयोजन उज्जैन की प्राचीन संस्कृति और समृद्ध परंपरा को नए आयाम देगा।






