कल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन पर दें विशेष ध्यान: संजय रत्न

ApniKhabar

कांगड़ा(हिमाचल प्रदेश): जिला कल्याण समिति के अध्यक्ष एवं विधायक संजय रत्न ने आज धर्मशाला में आयोजित जिला कल्याण समिति की बैठक की अध्यक्षता करते हुए कहा कि प्रदेश सरकार द्वारा संचालित जनकल्याणकारी योजनाओं का वास्तविक और प्रभावी लाभ समाज के अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति तक पहुँचना सुनिश्चित किया जाए।

उन्होंने सभी विभागीय अधिकारियों से इस दिशा में पूर्ण जिम्मेदारी और संवेदनशीलता के साथ कार्य करने का आह्वान किया। बैठक में उपायुक्त कांगड़ा हेमराज बैरवा सहित सभी उपमंडल अधिकारियों एवं विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे। संजय रत्न ने कहा कि सरकार की स्पष्ट मंशा है कि कोई भी पात्र व्यक्ति किसी भी कल्याणकारी योजना के लाभ से वंचित न रहे। इसके लिए सभी विभागों को आपसी समन्वय, सहयोग और सहभागिता के साथ कार्य करना होगा।

प्रत्येक विभाग को अपनी-अपनी योजनाओं की जानकारी साझा करते हुए यह सुनिश्चित करना होगा कि योजनाओं का लाभ सही व्यक्ति तक समयबद्ध रूप से पहुँचे। उन्होंने बताया कि जिला कांगड़ा में वर्तमान में 1 लाख 80 हजार 294 लोगों को सामाजिक सुरक्षा पेंशन प्रदान की जा रही है, जिस पर इस वित्त वर्ष में 227 करोड़ रुपये से अधिक की राशि व्यय की गई है।

वहीं राष्ट्रीय परिवार सहायता योजना के तहत बीपीएल परिवारों के मुखिया की मृत्यु पर 20 हजार रुपये की सहायता राशि प्रदान की जाती है, जिसके अंतर्गत इस वित्त वर्ष में 200 परिवारों को 40 लाख रुपये की सहायता दी गई है। संजय रत्न ने कहा कि अंतर्जातीय विवाह पुरस्कार योजना, दिव्यांग छात्रवृत्ति योजना, दिव्यांग व्यक्तियों के लिए विवाह अनुदान तथा स्वर्ण जयंती आश्रय योजना सहित अनेक योजनाओं के माध्यम से आम जनता को लाभ पहुँचाया जा रहा है।

मुख्यमंत्री कन्यादान योजना के तहत 446 महिलाओं को 2 करोड़ 27 लाख 46 हजार रुपये की सहायता प्रदान की गई है, जबकि विधवा पुनर्विवाह योजना के अंतर्गत 17 लाख 80 हजार रुपये वितरित किए गए हैं।

उन्होंने बताया कि इंदिरा गांधी सुख शिक्षा योजना के तहत 18 वर्ष तक की आयु के 54,024 बच्चों को 6 करोड़ 33 लाख 48 हजार रुपये तथा 18 से 27 वर्ष आयु वर्ग के 2,758 बच्चों को 21 लाख 9 हजार रुपये की सहायता राशि प्रदान की गई है। संजय रत्न ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि पंचायत स्तर तक व्यापक जागरूकता शिविर आयोजित किए जाएँ जिनमें विभिन्न योजनाओं की पात्रता, आवेदन प्रक्रिया और आवश्यक दस्तावेजों की जानकारी सरल एवं सहज भाषा में आम जनता तक पहुँचाई जाए।

इन शिविरों में विशेष रूप से वृद्धजनों, महिलाओं, युवाओं, दिव्यांगजनों तथा आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों को प्राथमिकता दी जाए। उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि प्रत्येक छह माह में जिला स्तर पर समीक्षा बैठक अनिवार्य रूप से आयोजित की जाए, ताकि योजनाओं के क्रियान्वयन की स्थिति की गहन समीक्षा की जा सके और आवश्यक सुधार समय रहते किए जा सकें।

Editor

I am a journalist having over 25 years of experience in journalism. Having worked for several national dailies and as correspondent in All India Radio, I am currently working as a freelancer.

Related Posts

रिकांगपिओ में तीन दिवसीय जनगणना–2027 प्रशिक्षण शिविर का समापन

ApniKhabar

ApniKhabar किन्नौर, ‌हिमाचल प्रदेश उपायुक्त किन्नौर ‌डॉ. अमित कुमार शर्मा ने आज ‌तीन दिवसीय जनगणना-2027 के प्रथम चरण ‌के ‌प्रशिक्षण शिविर के समापन अवसर पर बतौर मुख्य अतिथि शिरकत की।…

सतपुड़ा टाइगर रिजर्व को यूनेस्को सूची में शामिल कराने हुई कार्यशाला

ApniKhabar

ApniKhabarभोपाल वन्य जीव संस्थान देहरादून द्वारा ग्रेट हिमालयन नेशनल पार्क कंज़र्वेशन एरिया (जीएचएनपीसीए), साईरोपा कुल्लू (हिमाचल प्रदेश) में 2 दिवसीय परामर्श कार्यशाला का आयोजन 15–16 मार्च को किया गया। कार्यशाला…