भारत और कनाडा ने राष्ट्रीय सुरक्षा और कानून प्रवर्तन से जुड़े मुद्दों पर सहयोग बढ़ाने के लिए एक साझा कार्य योजना तैयार करने पर सहमति जताई है। यह निर्णय शनिवार को कनाडा की राजधानी ओटावा में भारत के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार अजीत डोभाल और कनाडा की राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार नताली ड्रोइन के बीच हुई बैठक में लिया गया। विदेश मंत्रालय के अनुसार, इस बैठक का उद्देश्य दोनों देशों के बीच सुरक्षा सहयोग को मजबूत करना और आपसी समन्वय को नई दिशा देना रहा।
बैठक में इस बात पर सहमति बनी कि दोनों देश सुरक्षा और कानून प्रवर्तन संपर्क अधिकारी नियुक्त करेंगे, जिससे संबंधित एजेंसियों के बीच सीधा संवाद और बेहतर समन्वय स्थापित हो सके। इसके माध्यम से संगठित अपराध, अवैध गतिविधियों और सीमा पार अपराधों से निपटने में सहयोग बढ़ाया जाएगा। दोनों पक्षों ने माना कि नियमित संवाद और सूचना साझा करना वर्तमान वैश्विक सुरक्षा चुनौतियों से निपटने के लिए आवश्यक है।
इसके अलावा साइबर सुरक्षा नीति और साइबर अपराध से जुड़े मुद्दों पर भी चर्चा हुई। दोनों देशों ने साइबर सुरक्षा से संबंधित सूचनाओं के आदान-प्रदान और सहयोग को आगे बढ़ाने की प्रतिबद्धता जताई। बैठक में यह भी कहा गया कि साइबर खतरों से निपटने के लिए संयुक्त प्रयासों की जरूरत है।
इससे पहले अजीत डोभाल ने शुक्रवार को कनाडा के रक्षा मंत्री गैरी आनंदसंगारे से भी मुलाकात की थी। इन उच्च स्तरीय बैठकों को भारत-कनाडा संबंधों में सुरक्षा और कानून प्रवर्तन सहयोग को मजबूत करने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।






