भोपाल

आप राजधानी की सड़कों पर वाहन चला रहे हैं तो अपको जरा संभलकर चलना चाहिए अन्यथा आपके साथ कभी भी दुर्घटना घट सकती है, क्योंकि शहर की 350 किलोमीटर लंबी सड़क पर 16 ब्लैक स्पाट हैं। इन सड़कों पर बिना प्लानिंग के बनाए गए कट प्वाइंट, अंधे मोड़, और स्पीड ब्रेक वाहन चालकों के लिए जानलेवा साबित हो रहे हैं। इस बात का अंदाजा इससे लगाया जा सकता है कि शहर में हर साल 200 लोग सड़क दुर्घटना में अपनी जान गवाह रहे हैं। 2 हजार से अधिक लोग सड़क दुर्घटना में बुरी तरह घायल होते हैं। इन सड़कों से रोजाना 5 लाख से अधिक लोग जान जोखिम में डाल कर आवाजाही कर रहे हैं। इसके बावजूद ब्लैक स्पाट की तरफ ध्यान नहीं दिया जा रहा। मेन रोड पर 18 अवैध कट प्वाइंट, 2 बाटलनेक और सड़क डिजाइन में 12 खामियां रोजाना कई लोगों की जान ले रही हैं।

इन सड़कों पर चलें संभलकर
रत्नागिरी तिराहे, आईटीआई तिराहा, ओरिएंटल कॉलेज, रायसेन रोड, सेम ग्लोबल विश्वविद्यालय आदि प्रमुख सड़कों पर आवाजाही करते वक्त संभलकर चलें। कुछ दिन पहले इसी मार्ग पर एक सहायक प्राध्यापक संजीव शर्मा की सड़क हादसे में मौत हो गई थी।

सड़क सुरक्षा जागरुकता का सीमित
शहर में सड़क सुरक्षा जागरुकता तक सीमित नजर आ रही है। उप परिवहन आयुक्त अरविंद सक्सेना का कहना है कि परिवहन विभाग ने सड़क की निर्माण एजेंसियों पुलिस, शिक्षा विभाग समेत गैर शासकीय संस्थाओं के साथ मिलकर जागरूक करने का काम कर रहे हैं।

यह 16 सड़कें हैं जानलेवा
ओल्ड कैपियन स्कूल तिराहे, 10 नंबर, शाहपुरा, त्रिलंगा, करबला घाट, ग्राम भौंरी, फंदा टोल नाका, गोविंदपुरा चेतकब्रिज, आसिमा माल, लालघाटी स्क्वायर, गांधी नगर, 11 मील टोल नाका, रायसेन विदिश रोड, बिलखिरिया चौराहा, मुबारकपुर, ट्रांसपोर्ट नगर आदि सड़कें जानलेवा हैं।

Source : Agency